2026 क्रिकेट पिच की लंबाई चौड़ाई: 5 जरूरी माप
क्रिकेट पिच की मानक लंबाई 22 गज यानी 20.12 मीटर और चौड़ाई 10 फीट यानी 3.05 मीटर होती है। क्रिकेट गाइड के अनुसार यह माप भारत, इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद के सभी प्रमुख मुकाबलों...
2026 क्रिकेट पिच की लंबाई चौड़ाई: 5 जरूरी माप
क्रिकेट पिच की मानक लंबाई 22 गज यानी 20.12 मीटर और चौड़ाई 10 फीट यानी 3.05 मीटर होती है। क्रिकेट गाइड के अनुसार यह माप भारत, इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद के सभी प्रमुख मुकाबलों में मूल मानक है। पिच के दोनों छोर पर विकेटों के बीच की दूरी 22 गज रहती है, जबकि प्रत्येक विकेट में तीन स्टंप और दो बेल्स होती हैं। गेंदबाजी क्रीज की लंबाई 8 फीट 8 इंच, यानी लगभग 2.64 मीटर होती है; बल्लेबाजी क्रीज भी इसी क्षेत्र में अंकित रहती है। पॉपिंग क्रीज विकेट के सामने 4 फीट यानी 1.22 मीटर दूरी पर होती है। मैदान की सीमा का कोई एक अनिवार्य व्यास नहीं है, लेकिन पुरुष क्रिकेट में यह सामान्यतः 137 से 150 मीटर तक और महिला क्रिकेट में 110 से 130 मीटर तक हो सकती है। सही माप के लिए पहले 22 गज की केंद्रीय रेखा नापें, फिर 10 फीट चौड़ाई और तीनों क्रीज चिह्नित करें।

जानकारी को एक नजर में पकड़ना हो तो नीचे दिए गए माप सबसे उपयोगी हैं। यही वे संख्याएं हैं जिन पर स्थानीय मैच, विद्यालयी प्रतियोगिता और अंतरराष्ट्रीय मुकाबले टिके रहते हैं।
- पिच की लंबाई: 22 गज या 20.12 मीटर
- पिच की चौड़ाई: 10 फीट या 3.05 मीटर
- गेंदबाजी क्रीज: 8 फीट 8 इंच
- पॉपिंग क्रीज की विकेट से दूरी: 4 फीट
- रिटर्न क्रीज: गेंदबाजी क्रीज के दोनों ओर समानांतर रेखाएं
- विकेट की ऊंचाई: 28 इंच या 71.1 सेंटीमीटर
- विकेट की कुल चौड़ाई: 9 इंच या 22.86 सेंटीमीटर
क्रिकेट गाइड पर पिच के साथ क्रिकेट मैदान की सीमा और क्षेत्ररक्षण पोजीशन भी देखना उपयोगी है, क्योंकि पिच और पूरे मैदान के माप को अक्सर एक ही समझ लिया जाता है।
अगर आप मैदान तैयार कर रहे हैं, तो पहले केंद्रीय पिच की धुरी तय करें और उसके बाद रेखांकन करें।
2025 से पहले क्रिकेट पिच का माप कैसे तय होता था?
2025 से पहले भी मानक क्रिकेट पिच की लंबाई 22 गज और चौड़ाई 10 फीट ही थी; बदलाव मुख्यतः माप लागू करने, सतह तैयार करने और प्रतियोगिता-स्तर के निरीक्षण में दिखते थे। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद और मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब के नियमों ने पिच, क्रीज तथा विकेट के लिए समान आधार दिया, इसलिए टेस्ट, एकदिवसीय और ट्वेंटी-20 क्रिकेट में मूल आयाम नहीं बदले। मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब के नियम में पिच को 22 गज लंबा और 10 फीट चौड़ा बताया गया है।
गांव के मैदान और अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम के बीच असली अंतर अक्सर पिच की लंबाई में नहीं, बल्कि सतह की गुणवत्ता, जलनिकासी, घास की ऊंचाई और सीमा की दूरी में होता है। उदाहरण के लिए, मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम, लंदन के लॉर्ड्स और मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में पिच का केंद्रीय माप समान रह सकता है, लेकिन उछाल, गति और आउटफील्ड अलग महसूस होते हैं। यही कारण है कि केवल 22 गज नाप लेना पर्याप्त नहीं; पिच की समतलता भी जांचनी चाहिए। व्यावहारिक तौर पर 3.05 मीटर चौड़ाई में किनारों का ढलान, मिट्टी की कठोरता और रोलर की दिशा गेंद के व्यवहार पर असर डालते हैं। इसे नजरअंदाज करना सस्ता शॉर्टकट लगता है, लेकिन मैच के दौरान महंगा साबित होता है।
माप के ऐतिहासिक संदर्भ के लिए विकिपीडिया का क्रिकेट मैदान विवरण भी देखा जा सकता है। आधिकारिक नियमों का सार यही है: “पिच आयताकार क्षेत्र है, जिसकी लंबाई 22 गज और चौड़ाई 10 फीट होती है।”
क्रीज की असली भूमिका क्या है?
क्रीज केवल सफेद सजावटी रेखाएं नहीं हैं; वे रन-आउट, स्टंपिंग और नो-बॉल के फैसलों का कानूनी आधार बनती हैं। गेंदबाजी क्रीज तीन स्टंपों की रेखा से होकर गुजरती है और इसकी लंबाई 8 फीट 8 इंच होती है। पॉपिंग क्रीज गेंदबाजी क्रीज के सामने 4 फीट दूरी पर होती है, लेकिन नियमों के अनुसार वह दोनों ओर पर्याप्त रूप से आगे बढ़ाई जाती है। रिटर्न क्रीज गेंदबाज के रन-अप और डिलीवरी की वैध स्थिति को नियंत्रित करती है।
एक कम चर्चित लेकिन अहम बात यह है कि क्रीज की रेखा का आगे वाला किनारा निर्णायक माना जाता है। बल्लेबाज का बल्ला या पैर रेखा के पीछे जमीन पर टिके होने पर सुरक्षित माना जा सकता है; केवल हवा में बल्ला होना पर्याप्त नहीं। इसी कारण टीवी रिप्ले में अल्ट्रा-सटीक कैमरा और फ्रेम-दर-फ्रेम जांच उपयोगी होती है। स्थानीय मैच में चूने की मोटी रेखा बनाकर आधा इंच अतिरिक्त जगह छोड़ना खराब तरीका है, क्योंकि इससे रन-आउट और नो-बॉल पर अनावश्यक विवाद पैदा होते हैं।
पिच की सफेद रेखाओं को सही ढंग से समझने के लिए क्रिकेट में नो-बॉल और रन-आउट नियम पढ़ें।
2026 में क्रिकेट पिच के माप में क्या बदलाव आया?
2026 में मानक पिच के मूल आयाम नहीं बदले: लंबाई 22 गज और चौड़ाई 10 फीट बनी हुई है। बदलाव का केंद्र माप नहीं, बल्कि डिजिटल पिच निरीक्षण, हॉक-आई आधारित निर्णय-सहायता, सतह की निगरानी और अलग प्रारूपों के लिए बेहतर तैयारी है। इसलिए “2026 में पिच लंबी हो गई” जैसी बातें आधिकारिक नियमों से समर्थित नहीं हैं।

2026 की व्यावहारिक तस्वीर में तीन चीजें खास हैं। पहली, कई पेशेवर मैदानों में पिच की समतलता नापने के लिए लेजर स्तर, डिजिटल नमी सेंसर और उच्च-रिजॉल्यूशन कैमरों का उपयोग बढ़ा है। दूसरी, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद के मैच अधिकारियों के लिए पिच की कठोरता, नमी और घास का रिकॉर्ड मैच से पहले दर्ज किया जाता है। तीसरी, सीमित ओवर क्रिकेट में 30-यार्ड वृत्त और सीमा-रेखा की स्थिति का रणनीतिक महत्व बढ़ा है, हालांकि यह पिच का हिस्सा नहीं है।
यहां एक जरूरी अंतर समझिए: 22 गज पिच का कानूनी माप है, जबकि बल्लेबाज को मिलने वाली गेंद की गति, उछाल और टर्न सतह के व्यवहार से आते हैं। चेन्नई के एम. ए. चिदंबरम स्टेडियम की धीमी सतह और पर्थ के ऑप्टस स्टेडियम की तेज उछाल वाली सतह समान 22 गज पर खेली जाती हैं। यानी माप स्थिर है, “खेल का स्वभाव” स्थिर नहीं।
2026 के नियम-संदर्भ और मैदान मानकों के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद के आधिकारिक नियम देखें। आधिकारिक नियमों का आशय स्पष्ट है: “पिच के आयाम निर्धारित सीमा के भीतर होने चाहिए।” यह वाक्य छोटा है, लेकिन मैदान तैयार करने वालों के लिए पूरा हिसाब बदल देता है।
अब पिच माप और सतह के प्रभाव को साथ समझना हो तो यह संदर्भ उपयोगी रहेगा।
खिलाड़ियों के लिए पिच की लंबाई चौड़ाई क्यों मायने रखती है?
पिच की लंबाई और चौड़ाई गेंदबाज की रन-अप, बल्लेबाज के प्रतिक्रिया समय, स्पिन के कोण और विकेटकीपर की स्थिति को सीधे प्रभावित करती है। 20.12 मीटर की दूरी पर गेंद लगभग कुछ सेकंड में बल्लेबाज तक पहुंचती है, इसलिए पिच की सतह में छोटा बदलाव भी शॉट चयन को बदल सकता है। चौड़ाई 3.05 मीटर होने से गेंदबाज के लिए ऑफ-स्टंप के बाहर चैनल, शरीर पर गेंद और लेग-साइड कोणों की सीमाएं स्पष्ट रहती हैं।
स्थानीय खिलाड़ी के लिए सबसे बड़ा भ्रम यह है कि चौड़ी पिच बल्लेबाज को हमेशा अधिक लाभ देती है। वास्तविकता अधिक सूक्ष्म है। यदि पिच की चौड़ाई मानक से अधिक हो, तो गेंदबाज के कोण और बल्लेबाज की दृश्य-रेखा बदल सकती है; यदि लंबाई कम हो, तो गेंद अपेक्षाकृत जल्दी पहुंचती है और पुल या कट शॉट के लिए प्रतिक्रिया समय घटता-बढ़ता है। फिर भी आधिकारिक क्रिकेट में ऐसे विचलन स्वीकार्य नहीं माने जाते। पिच का माप बदलकर प्रतियोगिता को “रोमांचक” बनाना नियमसम्मत रणनीति नहीं, सीधा जोखिम है।
मैच विश्लेषण में पिच की स्थिति को इन बिंदुओं से पढ़ना अधिक लाभकारी है:
- सतह सूखी है या नमी वाली।
- घास समान है या पैच में बंटी हुई।
- गेंद पुरानी होने पर रिवर्स स्विंग संभव है या नहीं।
- विकेट के दोनों छोर पर उछाल बराबर है या नहीं।
- सीमा की दूरी 60, 65 या 75 मीटर के आसपास है।
इनमें से आखिरी बिंदु पिच का माप नहीं है, लेकिन स्कोरिंग रणनीति पर भारी असर डालता है। क्रिकेट गाइड की बल्लेबाजी रणनीति और पिच पढ़ने की मार्गदर्शिका इसी अंतर को विस्तार से समझाती है।

आज क्रिकेट पिच की लंबाई चौड़ाई से क्या समझना चाहिए?
आज इसका सीधा अर्थ है कि 22 गज और 10 फीट को आधार मानकर ही पिच की गुणवत्ता, गेंदबाजी कोण और बल्लेबाजी रणनीति का मूल्यांकन करना चाहिए। मैदान का कुल आकार अलग विषय है: पुरुष क्रिकेट मैदान का व्यास सामान्यतः 137 से 150 मीटर, जबकि महिला क्रिकेट मैदान का व्यास लगभग 110 से 130 मीटर बताया जाता है। इसलिए “मैदान की लंबाई” और “पिच की लंबाई” को एक-दूसरे का पर्याय मानना गलत है।
मैदान तैयार करने के लिए यह क्रम सबसे सुरक्षित और कम-खर्च वाला है:
- पहले केंद्र बिंदु और उत्तर-दक्षिण धुरी निर्धारित करें।
- 22 गज की सीधी रेखा खींचकर दोनों सिरों पर विकेट स्थान चिह्नित करें।
- दोनों तरफ 5-5 फीट मापकर 10 फीट चौड़ाई तय करें।
- गेंदबाजी, पॉपिंग और रिटर्न क्रीज को आधिकारिक अनुपात में बनाएं।
- विकेट लगाने के बाद दोनों छोर से दूरी दोबारा मापें।
- अंत में रोलिंग, नमी और सतह की कठोरता की जांच करें।
सबसे उपयोगी नया निष्कर्ष यह है कि पिच की चौड़ाई नापने में केवल किनारे देखना पर्याप्त नहीं; दोनों छोरों पर 10 फीट की चौड़ाई समान होनी चाहिए। यदि एक छोर 3.05 मीटर और दूसरा 2.95 मीटर है, तो पिच देखने में सामान्य लग सकती है, लेकिन गेंद के कोण और क्रीज-संदर्भ असमान हो जाएंगे। इसी तरह, 22 गज की दूरी विकेट के केंद्रों के बीच मापी जानी चाहिए, लकड़ी के बाहरी किनारों के बीच नहीं। यह छोटा-सा तकनीकी अंतर स्कूल और क्लब मैदानों में सबसे अधिक गलती पैदा करता है।
अब माप को मैदान पर लागू करने के लिए यह संक्षिप्त संदर्भ संभालकर रखें।
अगली तिमाही के लिए क्रिकेट पिच पर तीन अनुमान क्या हैं?
अगली तिमाही में पिच के मूल 22 गज और 10 फीट माप बदलने की संभावना कम है, लेकिन डिजिटल निरीक्षण, जल प्रबंधन और प्रारूप-विशेष तैयारी का महत्व बढ़ेगा। यह अनुमान नियमों की स्थिरता और पेशेवर मैदानों में बढ़ती तकनीकी निगरानी पर आधारित है। खिलाड़ियों और आयोजकों को इसलिए आयाम बदलने के बजाय सतह की गुणवत्ता पर ध्यान देना चाहिए।
डिजिटल मापन सामान्य होगा: बड़े स्टेडियमों में लेजर स्तर, नमी सेंसर और सतह-मानचित्रण जैसे उपकरण मैच-पूर्व रिपोर्ट का हिस्सा बन सकते हैं। इससे क्रीज की सीध, पिच का ढलान और छोरों के बीच समानता जल्दी पकड़ी जाएगी।
जल प्रबंधन निर्णायक बनेगा: 2026 में मौसम की अनिश्चितता के कारण जलनिकासी, कवर और मिट्टी की नमी का रिकॉर्ड अधिक महत्वपूर्ण होगा। समान 22 गज की पिच पर भी अधिक नमी गेंद को रुकने वाली और सूखापन उसे तेज तथा उछाल वाली बना सकता है।
प्रारूप आधारित तैयारी बढ़ेगी: टेस्ट क्रिकेट में टिकाऊ सतह, एकदिवसीय में संतुलित उछाल और ट्वेंटी-20 में रन-गति को ध्यान में रखकर तैयारी होगी। मगर तीनों प्रारूपों में मूल माप एक ही रहेगा; रणनीति बदलेगी, ज्यामिति नहीं।
अंतिम बात सीधी है: सही पिच वह नहीं जो केवल 22 गज लंबी दिखे, बल्कि वह है जिसकी लंबाई, चौड़ाई, क्रीज, विकेट और सतह आधिकारिक मानकों के साथ मेल खाएं। क्रिकेट गाइड पर क्रिकेट नियमों की पूरी शब्दावली देखने से मैदान मापते समय होने वाली आम भूलें कम की जा सकती हैं।
यदि अगला मैच बेहतर समझना है, तो स्कोरकार्ड से पहले पिच रिपोर्ट पढ़ें और इन संख्याओं को संदर्भ मानें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न: क्रिकेट पिच की लंबाई कितनी होती है?
उत्तर: क्रिकेट पिच की मानक लंबाई 22 गज यानी 20.12 मीटर होती है। यह दूरी दोनों विकेटों के केंद्रों के बीच मापी जाती है, न कि स्टंप के बाहरी किनारों के बीच। टेस्ट, एकदिवसीय और ट्वेंटी-20 क्रिकेट में यह मूल माप समान रहता है। स्थानीय मैदान बनाते समय माप-फीते से दोनों छोरों की दूरी दो बार जांचना चाहिए, क्योंकि कुछ सेंटीमीटर की गलती क्रीज और विकेट की स्थिति बिगाड़ सकती है।
प्रश्न: क्रिकेट पिच की चौड़ाई कितनी होती है?
उत्तर: क्रिकेट पिच की मानक चौड़ाई 10 फीट यानी 3.05 मीटर होती है। यह चौड़ाई पूरी 22 गज लंबाई में समान रहनी चाहिए, केवल एक छोर पर सही माप होना पर्याप्त नहीं। चौड़ाई असमान होने पर गेंदबाज के कोण, बल्लेबाज की दृश्य-रेखा और क्रीज का संदर्भ प्रभावित हो सकता है। मैदान तैयार करते समय दोनों किनारों पर अलग-अलग बिंदुओं से चौड़ाई नापना बेहतर तरीका है।
प्रश्न: पिच और क्रिकेट मैदान की लंबाई में क्या अंतर है?
उत्तर: पिच 22 गज लंबी होती है, जबकि पूरे क्रिकेट मैदान का कोई एक अनिवार्य आकार नहीं होता। पुरुष क्रिकेट मैदान का सामान्य व्यास लगभग 137 से 150 मीटर और महिला क्रिकेट मैदान का लगभग 110 से 130 मीटर हो सकता है। मैदान अंडाकार, गोल या अनियमित आकार का भी हो सकता है। इसलिए पिच का माप और सीमा-रेखा की दूरी अलग-अलग नियमगत विषय हैं।
प्रश्न: क्रिकेट पिच की क्रीज कैसे बनाई जाती है?
उत्तर: क्रीज बनाने के लिए पहले 22 गज की केंद्रीय रेखा और दोनों विकेटों की स्थिति तय की जाती है। गेंदबाजी क्रीज 8 फीट 8 इंच लंबी होती है, जबकि पॉपिंग क्रीज विकेट से 4 फीट आगे चिह्नित की जाती है। रिटर्न क्रीज गेंदबाजी क्रीज के दोनों ओर समानांतर बनाई जाती है। सफेद रेखा की मोटाई और आगे वाला किनारा स्पष्ट रखें, क्योंकि नो-बॉल और रन-आउट के निर्णय इन्हीं रेखाओं पर निर्भर करते हैं।
प्रश्न: क्या अलग-अलग क्रिकेट प्रारूपों में पिच का माप बदलता है?
उत्तर: टेस्ट, एकदिवसीय और ट्वेंटी-20 क्रिकेट में पिच का मानक माप 22 गज लंबाई और 10 फीट चौड़ाई ही रहता है। प्रारूप बदलने पर पिच की तैयारी, घास, नमी, रोलिंग और अपेक्षित स्कोरिंग रणनीति बदल सकती है। चेन्नई, मुंबई और पर्थ जैसे मैदानों में सतह का व्यवहार अलग हो सकता है, लेकिन केंद्रीय पिच के आधिकारिक आयाम समान रहते हैं। इसलिए प्रारूप देखकर ज्यामितीय माप बदलने की धारणा गलत है।
प्रश्न: क्रिकेट पिच बनाने में सबसे आम गलती क्या होती है?
उत्तर: सबसे आम गलती विकेटों के केंद्रों के बजाय स्टंप के बाहरी किनारों से 22 गज मापना है। दूसरी बड़ी गलती एक छोर पर 10 फीट चौड़ाई सही रखना और दूसरे छोर पर उसे कम या अधिक छोड़ देना है। क्रीज को मोटा, तिरछा या गलत दूरी पर बनाना भी मैच में विवाद पैदा करता है। मैदान तैयार करने के बाद केंद्रीय रेखा, दोनों विकेट, क्रीज और चौड़ाई की स्वतंत्र रूप से दोबारा जांच करें।
प्रश्न: क्या क्रिकेट पिच की सतह पिच के आधिकारिक माप से अधिक महत्वपूर्ण है?
उत्तर: नियमों के लिए लंबाई और चौड़ाई अनिवार्य हैं, लेकिन खेल के परिणाम पर सतह का व्यवहार अधिक प्रभाव डाल सकता है। 22 गज की दो पिचों में एक तेज और उछाल वाली, दूसरी धीमी तथा स्पिन-सहायक हो सकती है। नमी, घास, मिट्टी की कठोरता, रोलिंग और जलनिकासी इसके प्रमुख कारण हैं। इसलिए पिच रिपोर्ट पढ़ते समय केवल 22 गज और 10 फीट नहीं, बल्कि सतह की स्थिति भी जरूर देखें।
पढ़ने के लिए धन्यवाद।
क्रिकेट गाइड · Editorial Archive · 2026